CAA: असम में हालात सामान्य, आज से हटेगा कर्फ्यू, इंटरनेट सेवाएं होंगी बहाल

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गुवाहाटी: नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) पर जारी उग्र विरोध प्रदर्शन को लेकर नॉर्थ-ईस्ट के राज्यों में अस्थिरता बनी हुई है। असम में स्थितियां अब धीरे-धीरे सामान्य हो रही हैं। असम सरकार ने राज्य में इंटरनेट सेवाएं बहाल करने और कर्फ्यू हटाने का फैसला किया है। असम के मंत्री हेमंत बिस्वसरमा ने दावा किया है कि मंगलवार से असम के हर हिस्से से कर्फ्यू पूरी तरह हटा लिया जाएगा। रात में भी कर्फ्यू नहीं लगाया जाएगा। ब्रॉडबैंड और इंटरनेट कनेक्टिविटी सेवाएं मंगलवार से ही बहाल कर दी जाएंगी। असम सरकार ने राज्य में शांति बहाली के बाद कर्फ्यू हटाने का फैसला किया है। उल्लेखनीय है कि नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ असम में कई जगहों पर उग्र प्रदर्शन हुआ, जिसके बाद प्रशासन ने इंटरनेट सेवाओं पर रोक लगा दी थी।

असम में कम दूरी की यात्री ट्रेनें हिंसा के कारण रद्द करनी पड़ीं जबकि यहां से आने और जाने वाली लंबी दूरी की ट्रेनों की सेवा बहाल कर दी गई है। गुवाहाटी हवाई अड्डे में उड़ान सेवा भी प्रभावित हुई है जिससे कई उड़ानों को रद्द करना पड़ा। राज्य के वित्त एवं स्वास्थ्य मंत्री हेमांता बिश्वा सर्मा ने कहा, ‘गुवाहाटी में हालात सामान्य हो रहे हैं, इसलिए कर्फ्यू 21:00 बजे से सुबह 06:00 बजे तक ही लागू किया गया है और यह जल्द ही पूरी तरह से हटा लिया जाएगा।’ उन्होंने कहा,‘जिन जिलों में कर्फ्यू लगे हैं वहां के उपायुक्त को जल्द से जल्द इसे हटाने के लिए कहा गया है।’

गुवाहाटी के अलावा डिब्रूगढ़, तेजपुर और धेकियाजुली में कर्फ्यू में ढील दी गई है। जोरहाट, चाराईदेओ, तिनसुखिया और गोलाघाट में रात के समय कर्फ्यू लगाया गया है। सर्मा ने बताया कि गुवाहाटी में गोलीबारी में और पुलिस के साथ भिड़ंत में चार लोगों की मौत हुई है और 23 अन्य घायल हुए हैं जिन्हें गुवाहाटी मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। घायलों में से 13 लोगों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। राज्य में 136 मामले दर्ज किए गए हैं और अब तक 190 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। सर्मा ने कहा, ‘सरकार इस मामले को गंभीरता से ले रही है। हमने इस मामले में दोषियों को पकड़ने के लिए विशेष जांच बैठाई है। हम कैमरे की फुटेज, सोशल मीडिया पोस्ट और अन्य सबूतों को तलाश रहे हैं। हम इस बात की जांच करेंगे कि क्या प्रदर्शनकारी खुद सामने आए थे या इसमें किसी का हाथ है।’ मंत्री ने कहा कि श्रीमंता संकरदेव कलाक्षेत्र में तोड़फोड़ करना, राज्य सचिवालय का घेराव और भीड़ की हिंसा की भी जांच की जाएगी। उन्होंने कहा कि गुवाहाटी में विशेष रूप से कलाक्षेत्र में हुए प्रदर्शन में शामिल ज्यादातर लोग बारपेटा, गोलपारा और नलबाड़ी जिलों के थे और इनमें से कुछ ही लोग गुवाहाटी के थे। उन्होंने कहा कि डिब्रूगढ़ और तिनसुकिया जिलों में हिंसा में स्थानीय लोग शामिल पाए गए हैं और बाहरी लोगों के उकसाने का कोई संकेत नहीं मिला है।

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